21.02 गोवर्धन पूजा गोवर्धन (तांत्रोक्त मंत्र)

गोवर्धन पूजा गोवर्धन 

श्री कृष्ण जी चले गोकुल गाँव 
गोकुल गाँव में मिले नर नारी 
जहाँ पर बैठे गोकुल गाँव के सब नर नारी 
विनती करे कृष्ण जी की जय हो गोकुल गाँव जी 
गोकुल गाँव पर जब पड़ गई भीड़ कृष्ण 
जी की बंधाई धीर 
गोवर्धन पर्वत पहुंचे कृष्णा धीर 
अंगुली पर उठाया गोवर्धन पर्वत सतवीर 
नीचे बैठे गोकुल नर नारी की भीड 
गोवर्धन को पूजो खाओ सत की खीर 
गोकुल वासी चले पूजने गोवर्धन पर्वत में एक 
जहाँ पर बैठे कृष्ण जी भगत पीर 
जय जय कृष्ण मुरारी 
इति सिद्धम्।

Comments

Popular posts from this blog

06. द्वारकाखण्ड || अध्याय 19 || लीला-सरोवर, हरिमन्दिर, ज्ञानतीर्थ, कृष्‍ण-कुण्‍ड, बलभद्र-सरोवर, दानतीर्थ, गणपति तीर्थ और मायातीर्थ आदि का वर्णन

21.01 *श्री कृष्ण का संपूर्ण जीवन वृत्त*

06. द्वारकाखण्ड || अध्याय 14 || द्वारका क्षेत्र के समुद्र तथा रैवतक पर्वत का माहात्‍म्‍य